बैंजो : म्यूजिकल फिल्म जो चाहकर भी मोह न सकी

banjo-movie-reviewरिव्युः बैंजो 
कास्टः रितेश देशमुख, नरगिस, फाखरी
निर्देशकः रवि जाधव
लेखकः कपिल सावंत, रवि जाधव और निखिल मेहरोत्रा
संगीतः विशाल और शेखर
स्टारः 2.5

कहानी:-

बैंजो एक संगीत यन्त्र है जिसके ऊपर फिल्म का नाम रखा गया है| कहानी मुम्बई के एक चॉल की है जिसमे तारत(रितेश देशमुख),पेपर (आदित्य कुमार), बाजा(राम मेनन) और ग्रीज़(धर्मेश) संगीतकार है और उनका एक बैंड है|व्यंग भाषा,रियल जगह दर्शायी गयी है जिससे आप जुड़े रह सके इस फिल्म में|चार्रों टिपिकल बम्बैकार है जो गणपति महोत्सव पे बजाते है नाचते है और गाते है| इनकी एक गणपति धुन, विदेश में रहने वाली एक गायिका को बहोत पसंद आ जाती है और वो उन्हें ढूंढने मुम्बई आ जाती है| उन्हें ढूंढते ढूंढते वो उस चॉल में जा पहुचती है और मिलती है जिन्होंने ये धुन बनायीं होती है पर उसे ये मालूम नहीं होता के ये वे लोग है| मालूम पड़ने पर क्रिस(नरगिस फाखरी) उन्हें मनाती है उसके साथ जाने को और गाने को| कैसे वो उन्हें मानती है और कैसे मुश्किलो से सामना करके वो आगे बढ़ते है उसके लिए आपको फिल्म देखनी पड़ेगी!

निर्देशन:

फिल्म का निर्देशन रवि जाधव ने किया है जो प्रसिद्ध मराठी फिल्म्स निर्देश कर चुके है पर बैंजो उनकी सबसे अछि निर्देशित फिल्म्स में से नै है| फिल्म का मुख्या प्लाट आते आते इंटरवल हो जाता है और इंटरवल के बाद कहानी जिस पर है उस पर पहुचती है| फिल्म की लोकेशन्स रियल चुनी है जो फिल्म में लोगो को बंधे रखता है|

अदाकारी:

रितेश देशमुख एक उम्दा कलाकार है और ये सब जानते है| उनकी पिछली फिल्म कुछ ख़ास कमाल नहीं दिखा पायी पर इसमें उन्होंने अपने आप को पूरी तरह इस रोल के लिए तैयार कर लिया था| लंबे बाल, भाषा सब उन्होंने सही पकड़ी है और वो एक म्यूजिशियन भी लग रहे है| गौर तालाब है की धर्मेश जो एक डांसर है और पहले उन्होंने डांस के ऊपर दोनों फिल्मो में काम किया है वो इस म्यूजिशियन के रोले में जच रहे है| उनकी कॉमेडी भी लोगो को भायेगी| लेकिन नरगिस फाखरी निराशाजनक है इस किरदार में| न उनके मुह पे कोई हाव भाव आते है न वो सही से रोले को पकड़ पायी है|

संगीत:

संगीतकर विशाल और शेखर बहुत ही चर्चित संगीतकार है| बैंजो एक म्यूजिकल फिल्म है पर सिवाय एक गाने के वो इतना कमाल नहीं दिखा पाएं है जबकि ये एक म्यूजिकल फिल्म है| गणपति पर आखरी सांग जो फिल्म में आता है वे लोगो को पसंद आएगा बाकि कुछ ख़ास पसंद आये ऐसा कुछ नहीं है|

देखे या न देखे

अगर आपको म्यूजिक में रूचि हो और रितेश देशमुख की अदाकारी पसंद है तो आप एक बार ये फिल्म देख सकते है| बाकि नरगिस और रितेश की केमिस्ट्री का कई नामो निशान नहीं है जो ट्रेलर और गानो के जरिये दिखाया जा रहा है| बैंजो चाहकर भी लोगो को इतनी पसंद नहीं आएगी|

इस फिल्म को 5 में से 2.5 स्टार दे शकते हैं।

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